बगहा। पश्चिमी चंपारण जिले के बगहा में इंडिया गठबंधन के आह्वान पर महागठबंधन के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ एवं ‘लोकतंत्र बचाओ मार्च’ निकालकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ता सड़क पर उतरे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई।महागठबंधन नेताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया को लेकर लोगों में असमंजस और नाराजगी है। उनका कहना था कि कई मतदाताओं के नाम सूची से हटाए जाने की शिकायतें सामने आई हैं। नेताओं ने मांग की कि पूरी प्रक्रिया की निष्पक्ष समीक्षा कराई जाए, ताकि किसी भी योग्य नागरिक को उसके मतदान के अधिकार से वंचित न होना पड़े। बगहा विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी जय सिंह ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि कई लोगों ने शिकायत की है कि जीवित होने के बावजूद उनका नाम मतदाता सूची से हटा दिया गया। उन्होंने कहा कि 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं को मतदान का अधिकार मिलता है, इसलिए नए मतदाताओं के नाम जोड़ने की प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है। सिकटा के पूर्व विधायक वीरेंद्र प्रसाद, कांग्रेस जिलाध्यक्ष नरेश राम, राजद नेता अर्थराज यादव और आलमगीर रब्बानी समेत अन्य नेताओं ने भी अपनी बात रखी। नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। प्रदर्शन में तुफैल अहमद, शत्रुधन पटेल, ओमप्रकाश यादव, उमेश गुप्ता, जावेद अख्तर और मुन्ना साह समेत महागठबंधन के कई नेता एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। प्रदर्शन को लेकर प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। पटखौली थानाध्यक्ष उत्पल कांत और बगहा थानाध्यक्ष शैलेश कुमार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पुलिस पदाधिकारी एवं जवान तैनात रहे। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए अग्निशमन विभाग की टीम भी मौके पर मौजूद रही।महागठबंधन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द पहल नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।