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*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है*
(UTTAR PRADESH, BARABANKI)
*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है*
शाहजहांपुर मदनापुर में पीछे से चाकू गोद कर हत्या करने का प्रयास किया घायल को जिला अस्पताल भेजा गया मौके पर पहुंची पुलिस
थाना रामचन्द्र मिशन, जनपद शाहजहाँपुर क्षेत्रान्तर्गत एक व्यक्ति को चाकू मारकर घायल करने व पुलिस द्वारा कृत कार्यवाही के सम्बन्ध मे अपर पुलिस अधीक्षक नगर , जनपद शाहजहाँपुर की बाइट।
वेतन विसंगतियों पर आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का प्रदर्शन रामलीला मैदान से कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च, मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
बाराबंकी किस सतरिख थाना क्षेत्र में बरकतनगर गांव में जमीन कब्जे को लेकर हिंसक विवाद सामने आया है, दोनों तरफ से ईंट-पत्थर और लाठी-डंडे चल रहे है 112 पर सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को संभाला कानून व्यवस्था किया कायम कारवाही जारी।n
रामलीला मैदान से पैदल चलकर कलेक्टर पहुंची आंगनवाड़ी कार्यकर्ता रजनीकांत मजिस्ट्रेट को दिया ज्ञापन शाहजहांपुर
बोरिंग का कार्य करते समय 11000 वोल्टेज का बिजली करंट लगने से तीन लोगों की हुई दर्दनाक मौत
वाई-फाई लगाने को लेकर कहासुनी के बाद दो पक्षों में खूनी संघर्ष, कई घायल
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राजकीय महाविद्यालय गोवर्धन में सेवा संकल्प अभियान का धूमधाम से शुभारंभ हुआ।
राया: शैक्षणिक संगठन ने आयोजित किया शिक्षक सम्मान समारोह, बड़ी संख्या में प्रबंधक ,प्रधानाचार्य व शिक्षक हुए सम्मानित
Comments (1)
Indra Kumar Singh
04 Aug, 2026*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है* *दावों का शोर इतना बुलंद है कि ज़मीन की चीखें दब जाती हैं* ऐसा कहा जाता है कि 2014 से 2026 के बीच देश के 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आ गए। नीति आयोग की फ़ाइलों में विकास के रंगीन नक्शे खींच दिए गए.. पर क्या कभी हुक्मरानों ने इन जैसे मासूमों की आंखों में झांकने की हिम्मत की है? इस वीडियो को ध्यान से देखिए। यह सिर्फ एक बच्चा और उसकी बेसुध मां नहीं हैं, यह इस देश की आत्मा का वो ज़ख्म है जो रोज़ आंकड़ों के झूठे प्लास्टर से ढका जाता है। जिस उम्र में बच्चों के हाथों में खिलौने और किताबें होनी चाहिए, उस उम्र में यह मासूम अपनी मां का पेट भरने के लिए संघर्ष कर रहा है। वह खुद भूखा है, लेकिन अपनी मां के मुंह में निवाला डाल रहा है। क्या यह बच्चा उन 25 करोड़ लोगों में शामिल नहीं है जिन्हें आपने गरीबी से बाहर निकाला है? भाषणबाजी और आंकड़ों की बाज़ीगरी से गरीबी को मिटाया नहीं जा सकता। जब तक देश का एक भी मासूम इस तरह भूख और लाचारी से लड़ेगा,