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*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है*
*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है*
UP के प्रतापगढ़ जिले से दिनभर की बड़ी खबरें। 04/08/2026 #pratapgarh #latestnews @reporteJitendra
चेहल्लुम पर हल्लौर में गूंजे नौहे, मातम और अकीदत के बीच याद किए गए कर्बला के शहीद
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"साल 2018 में पूज्य शंकराचार्य ने नेपाल से 'स्वस्थ क्रांति' की शुरुआत होने की बात कही थी। आज नेपाल के घटनाक्रम के बीच उस कथन की फिर चर्चा हो रही है। क्या यह भविष्यवाणी साकार होती दिख रही है? सुनिए विशेष प्रस्तुति..."
आगरा रेलवे की सूझबूझ से चलती ट्रेन में नवजात शिशु की किलकारी गुजी परिजनों ने रेलवे प्रशासन एवं मेडिकल विभाग को धन्यवाद द
उप जिलाधिकारी कुंडा अजय यादव और ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सुग्गा तिवारी द्वारा फीता काटकर किया गया बारों मेले का उद्घाटन,
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वृंदावन में होटल दलालों पर पुलिस का डंडा, दो दर्जन दबोचे वृंदावन में श्रद्धालुओं से अवैध वसूली और होटल-गेस्ट हाउस के नाम पर ठगी करने वाले दलालों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर वृंदावन कोतवाली प्रभारी अश्वनी कुमार ने देर रात सड़कों पर सघन चेकिंग अभियान चलाया। पुलिस ने वीआईपी मार्ग, प्रेम मंदिर और बांके बिहारी मंदिर के आसपास कार्रवाई करते हुए करीब दो दर्जन संदिग्ध होटल दलालों को हिरासत में लिया। पुलिस के मुताबिक सभी आरोपियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया गया है।
तीन दिन में ही उखड़ने लगा नया पुल! घटिया निर्माण का ग्रामीणों ने किया विरोध, जांच की उठी मांग#latest_news
Comments (1)
Indra Kumar Singh
04 Aug, 2026*यह वीडियो कहाँ का है हमें नही मालूम, लेकिन इस वीडियो ने दिल को झकझोर कर रख दिया है* *दावों का शोर इतना बुलंद है कि ज़मीन की चीखें दब जाती हैं* ऐसा कहा जाता है कि 2014 से 2026 के बीच देश के 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आ गए। नीति आयोग की फ़ाइलों में विकास के रंगीन नक्शे खींच दिए गए.. पर क्या कभी हुक्मरानों ने इन जैसे मासूमों की आंखों में झांकने की हिम्मत की है? इस वीडियो को ध्यान से देखिए। यह सिर्फ एक बच्चा और उसकी बेसुध मां नहीं हैं, यह इस देश की आत्मा का वो ज़ख्म है जो रोज़ आंकड़ों के झूठे प्लास्टर से ढका जाता है। जिस उम्र में बच्चों के हाथों में खिलौने और किताबें होनी चाहिए, उस उम्र में यह मासूम अपनी मां का पेट भरने के लिए संघर्ष कर रहा है। वह खुद भूखा है, लेकिन अपनी मां के मुंह में निवाला डाल रहा है। क्या यह बच्चा उन 25 करोड़ लोगों में शामिल नहीं है जिन्हें आपने गरीबी से बाहर निकाला है? भाषणबाजी और आंकड़ों की बाज़ीगरी से गरीबी को मिटाया नहीं जा सकता। जब तक देश का एक भी मासूम इस तरह भूख और लाचारी से लड़ेगा,