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▶️......पटना में तो आज वाशिंग मशीन में सर्फ एक्सेल इस्तेमाल करते हुए कपड़े की तरह पुलिस प्रशासन द्वारा छात्र-छात्राओं को खूब धोया गया.*
Indra Kumar Singh
(UTTAR PRADESH, BARABANKI)
▶️......पटना में तो आज वाशिंग मशीन में सर्फ एक्सेल इस्तेमाल करते हुए कपड़े की तरह पुलिस प्रशासन द्वारा छात्र-छात्राओं को खूब धोया गया.*
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Indra Kumar Singh
09 May, 2026▶️.....पटना में तो आज वाशिंग मशीन में सर्फ एक्सेल इस्तेमाल करते हुए कपड़े की तरह पुलिस प्रशासन द्वारा छात्र-छात्राओं को खूब धोया गया.* आज पटना ही नहीं हर युवा बिहारी रोया है…सिर्फ सड़कें नहीं कांपीं,हजारों मां-बाप की उम्मीदें भी अंदर से टूट गईं…JP गोलंबर पर खड़े वो बच्चे अपराधी नहीं थे…वो किसी किसान के बेटे थे,किसी रिक्शावाले की बेटी थी,किसी मजदूर का सपना थे…जो सिर्फ इतना मांग रहे थे...हमें हमारा भविष्य दे दीजिए…लेकिन जवाब में क्या मिला?लाठियां… चीखें… खून… और बेबसी.जिस बेटी को उसके पिता ने ये कहकर पढ़ाया था कि0एक दिन तू मास्टरनी बनेगी…आज वही बेटी सड़क पर गिरकर रो रही थी..किसी मां ने फोन पर कांपती आवाज में पूछा होगा बेटा जी ठीक तो हो ना? और उधर से शायद सिर्फ सिसकियां सुनाई दी होंगी…ये कैसी सरकार है,जहां नौकरी मांगने पर युवाओं को घसीटा जाता है?जहां किताब पकड़ने वाले हाथों पर डंडे बरसते हैं?जहां बेटियों की चीखें भी सत्ता के कानों तक नहीं पहुंचतीं?आज लाठी सिर्फ छात्रों पर नहीं चली…हर उस गरीब घर पर चली है,जहां मां अपने गहने बेचकर फॉर्म भरवाती है…जहां पिता खुद फटे कपड़े पहन लेता है,लेकिन बेटे के लिए किताब जरूर खरीदता है…पटना का JP गोलंबर आज गवाह बना है....जब सपनों को बार-बार सरकारी तंत्र के फन से कुचला जाता है,तो आंखों से आंसू नहीं…पूरी पीढ़ियां रोती हैं.