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उत्तर प्रदेश – भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) द्वारा भगवान विष्णु के संबंध में की गई हालिया टिप्पणी ने कुछ#politics
Ramagya Sharma
(UTTAR PRADESH, SITAPUR)
उत्तर प्रदेश – भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) द्वारा भगवान विष्णु के संबंध में की गई हालिया टिप्पणी ने कुछ#politics
आगरा में यातायात महा 2026 शुभारंभ पुलिस कमिश्नर दीपक जी कुमार के नेतृत्व में की हरी झंडी दिखाकर रैली को आगमन
बिजली विभाग में मचा हड़कंप जब आगरा के शमशाबाद विद्युत स्टेशन पर विजिलेंस की कार्रवाई JE विनेश कुमार और ऑपरेटर लोकेंद्र
आगरा में यातायात माह 2026 का शुभारंभ पुलिस आयुक्त दीपक कुमार जी ने जागरूकता रैली को दिखाई हरी झंडी
मध्यप्रदेश- ग्वालियर के क्लीनिक में मोबाइल ब्लास्ट, CCTV में कैद हुई घटना ग्वालियर के आई केयर क्लीनिक में एक युवक के हाथ में अचानक मोबाइल फोन ब्लास्ट हो गया। मोबाइल में आग लगते ही क्लीनिक में अफरा-तफरी मच गई। घटना के वक्त वहां मरीजों के साथ नवजात बच्चे भी मौजूद थे। पूरी घटना CCTV कैमरे में कैद हो गई।
*हर पेड़ "फल" दे ये जरुरी नही किसी की "छाया" भी बड़ा "सुकून" देती है जब तक आप को समझ आयेगा कि मेरे पिताजी सही थे तब तक आप का बेटा तैयार हो जायेगा ये कहने के लिए कि पिताजी आप गलत हो...!!* *शुभ रात्रि 👏
UP - कानपुर के मोतीझील स्थित नगर निगम मुख्यालय में भाजपा पार्षद पवन गुप्ता ने उस्तरे से अपने हाथ
UP के प्रतापगढ़ जिले से दिनभर की बड़ी खबरें। 02/11/2026 #pratapgarh #latestnews @reporteJitendra
*ज्ञानेश कुमार से इस्तीफा मांगते हुए एक अखिलेश प्रशंसक, पुलिस ने किया डिटेन*
खेत पर काम कर रहे गंगा चरण पर हमला, परिवार सहित गंभीर घायल; पीड़ित पक्ष ने लगाई न्याय की गुहार
सड़क निकालने को लेकर दो पक्ष आमने-सामने, पुलिस की कार्रवाई पर CO पंकज लवानिया ने दी जानकारी
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Ramagya Sharma
21 Sep, 2025भगवान विष्णु पर CJI की टिप्पणी पर विवाद: यति नरसिंहानंद गिरि की प्रतिक्रिया उत्तर प्रदेश – भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) द्वारा भगवान विष्णु के संबंध में की गई हालिया टिप्पणी ने कुछ हिंदू धार्मिक नेताओं द्वारा विवाद और आलोचना को जन्म दिया है। यति नरसिंहानंद गिरि ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, "हिंदुत्व का समर्थन करने का दावा करने वाली सरकारों को महाभियोग की कार्यवाही शुरू करनी चाहिए थी और इस व्यक्ति को बर्खास्त कर देना चाहिए था। लेकिन किसी में भी उनका विरोध करने का साहस नहीं था।" उनके इस बयान ने धार्मिक मामलों पर न्यायपालिका के कथित रुख को लेकर बहस को तेज कर दिया है, जिस पर विभिन्न वर्गों से तीखी प्रतिक्रियाएँ आ रही हैं। हालाँकि, CJI या सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अभी तक इस टिप्पणी के संबंध में कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी नहीं किया गया है। यह मुद्दा राजनीतिक और धार्मिक हलकों में लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है।