Now Playing
तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग पर तानाशाही का आरोप लगाया, "दो गुजरातियों" के प्रभाव का आरोप लगाया #politics
Ramagya Sharma
(BIHAR, PATNA)
तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग पर तानाशाही का आरोप लगाया, "दो गुजरातियों" के प्रभाव का आरोप लगाया #politics
कल 16 मार्च को आरा में TRE 4 एवं अन्य मुद्दों को लेकर छात्र नेता दिलीप का छात्र संवाद
पटना पुलिस live
नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद सियासत में हलचल, बेटे निशांत कुमार ने जदयू जॉइन की
चेतावनी या काल? बिहार के 264 निकायों में अवैध होर्डिंग लगाने वालों की शामत, ₹20 लाख तो बस शुरुआत है
GRP Patna #Live
पटना पुलिस live
Patna Town SP Live
पटना पुलिस live
माननीय मंत्री, गन्ना उद्योग विभाग, श्री संजय कुमार ने गन्ना मूल्य निर्धारण के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। Nitish Kumar Sanjay paswan Ministry of Food Processing Industries, Government of India Ministry of Agriculture & Farmer’s Welfare, Government of India Industries Department, Bihar Information & Public Relations Department, Government of Bihar Department of Agriculture, Government of Bihar #BiharSugarcaneIndustriesDept
गुप्त सूचना के आधार पर पटना के टॉप 10 अपराधी गिरफ्तार।
Comments (1)
Ramagya Sharma
02 Aug, 2025तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग पर तानाशाही का आरोप लगाया, "दो गुजरातियों" के प्रभाव का आरोप लगाया पटना, बिहार: राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव ने आज भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) पर तीखा हमला बोला और उस पर विशेष गहन मतदाता सूची पुनरीक्षण में पारदर्शिता संबंधी अपने आश्वासनों से मुकरने का आरोप लगाया। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि ईसीआई तानाशाही के प्रभाव में काम कर रहा है, और परोक्ष रूप से शीर्ष राजनीतिक हस्तियों का हवाला दिया। यादव ने कहा कि ईसीआई ने सूची से किसी भी मतदाता का नाम हटाने के कारणों को सार्वजनिक करने का वादा किया था, लेकिन उनका दावा है कि यह वादा तोड़ दिया गया है। उन्होंने कहा, "चुनाव आयोग विशेष गहन मतदाता सूची पुनरीक्षण में पारदर्शिता बनाए रखने के अपने सभी आश्वासनों से मुकर गया है।" "कहा गया था कि किसी भी मतदाता का नाम हटाने का कारण सार्वजनिक किया जाएगा!" उन्होंने महागठबंधन प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक के दौरान ईसीआई के आचरण को "तानाशाही" बताया। इसके बाद यादव ने एक परोक्ष लेकिन तीखा आरोप लगाते हुए कहा, "महागठबंधन प्रतिनिधिमंडल से मिलते समय चुनाव आयोग के तानाशाही व्यवहार का अप्रत्यक्ष निहितार्थ यह था कि - 'जो चाहो करो, हमें ऊपर से दो गुजरातियों का आदेश मिला है, और हम उसका पालन करेंगे!'" यह बयान इस बात का स्पष्ट संकेत देता है कि चुनाव आयोग स्वतंत्र रूप से काम करने के बजाय राजनीतिक निर्देशों पर काम कर रहा है। यादव के ये आरोप विपक्ष द्वारा चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता, खासकर मतदाता सूची प्रबंधन को लेकर उठाई जा रही चिंताओं के बीच आए हैं।