Now Playing
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का सनसनीखेज दावा: "भारत-पाक के बीच युद्ध विराम मेरी वजह से हुआ, वरना परमाणु युद्ध हो जाता"#war
Ashok Pawar MD
(INTERNATIONAL, UNITED STATE AMERICA)
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का सनसनीखेज दावा: "भारत-पाक के बीच युद्ध विराम मेरी वजह से हुआ, वरना परमाणु युद्ध हो जाता"#war
उदगीर मध्ये राजा शिवाजी चित्रपटाचा पहिला शो सुरू,शिवप्रेमीकडून पोस्टरला दुग्धअभिषेक
जलालाबाद में भाजपा कार्यालय का किया उद्घाटन अपूर्व ठाकुर प्रेस वार्ता
५ ताररखेला आवळाई येथे बैलगाडी शर्यत मैदान ऑड गणेश जुगदर
आज कांग्रेस पार्टी द्वारा किसान नौजवान बचाओ यात्रा निकाली गई जो भगत सिंह चौक सहारनपुर से होते हुए घंटाघर की ओर गई
सिद्धार्थनगर में गैस वितरण में धांधली का आरोप, उपभोक्ताओं से तय कीमत से ज्यादा वसूली!
MANT-"12 घंटे में खुला हाईटेक चोरी गैंग का राज: रात के अंधेरे में ट्रक सहित 90 लाख का माल बरामद, 4 गिरफ्तार!"
अंबेडकर नगर बसखारी के बीबीपुर में युवक की बेल्ट से बेरहमी से पिटाई, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल। Krishna Singh
MANT-“8 घंटे की लड़ाई से आज तक… क्या मिला मजदूरों को उनका हक?”
मजदूर दिवस पर बीइंग सारथी टीम ने सफाई कर्मियों और गार्ड का किया सम्मान।
श्री साई मंदिर भेंट रोड सहारनपुर
Comments (1)
Ashok Pawar MD
13 May, 2025US President Trump's sensational claim: "Ceasefire between India and Pakistan happened because of me, otherwise there would have been a nuclear war" अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर सुर्खियों में आने वाला बयान दिया है। ट्रंप ने दावा किया है कि भारत और पाकिस्तान के बीच जो हाल ही में सीज़फायर हुआ है, वह उनकी कूटनीति और व्यापारिक दबाव का परिणाम है। उनके अनुसार, यदि उन्होंने हस्तक्षेप न किया होता, तो दोनों देशों के बीच न्यूक्लियर युद्ध छिड़ सकता था और लाखों जानें जा सकती थीं। ट्रंप ने एक अमेरिकी टेलीविज़न नेटवर्क को दिए इंटरव्यू में कहा: "मैंने दोनों देशों को साफ कर दिया था — अगर युद्ध हुआ तो अमेरिका व्यापारिक मोर्चे पर हस्तक्षेप करेगा। और मेरा दबाव काम कर गया। उन्होंने सीज़फायर किया। अगर मैं न होता, तो आज एशिया में न्यूक्लियर ब्लास्ट हो रहा होता।" ट्रंप के दावे के मुख्य बिंदु: भारत और पाकिस्तान के बीच सीज़फायर का श्रेय उन्होंने खुद को दिया। कहा कि उन्होंने "व्यापार का दबाव" बनाकर दोनों देशों को पीछे हटने पर मजबूर किया। दावा किया कि हालात न्यूक्लियर युद्ध तक पहुंच चुके थे। भारत या पाकिस्तान की कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी तक सामने नहीं आई है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय विश्लेषकों ने ट्रंप के इस बयान को राजनीतिक प्रचार और अतिशयोक्ति करार दिया है, खासतौर पर ऐसे समय में जब वह 2024 के राष्ट्रपति चुनावों के बाद फिर से सक्रिय राजनीतिक बयानबाजी कर रहे हैं। विश्लेषकों की राय: अंतरराष्ट्रीय मामलों के विशेषज्ञों का मानना है कि भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव की स्थिति के बावजूद सीज़फायर आंतरिक सैन्य और कूटनीतिक संतुलन का परिणाम था, न कि किसी बाहरी व्यापारिक दबाव का। ट्रंप के इस बयान को चुनावी राजनीति और अंतरराष्ट्रीय प्रभाव जताने की कोशिश के रूप में भी देखा जा रहा है। यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने भारत-पाकिस्तान को लेकर बड़े-बड़े दावे किए हैं। अपने राष्ट्रपति कार्यकाल के दौरान भी उन्होंने कई बार मध्यस्थता की पेशकश की थी, जिन्हें भारत ने स्पष्ट रूप से खारिज कर दिया था